
काशी विद्यापीठ में सेवा संकल्प अभियान के तहत टीबी मरीजों को पोषण पोटली का वितरण
वाराणसी। प्रधानमंत्री जी के जन्मदिवस के अवसर पर जनपद में चलाए जा रहे “सेवा संकल्प अभियान” के तहत महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में 76 टीबी मरीजों को पोषण पोटली वितरित की गई। कार्यक्रम का उद्देश्य टीबी मरीजों को उपचार के साथ आवश्यक पोषण एवं सामाजिक सहयोग उपलब्ध कराना तथा टीबी उन्मूलन के प्रयासों में जनभागीदारी को बढ़ावा देना है।
कार्यक्रम में महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के कुलपति आनंद कुमार त्यागी ने 76 लाभार्थियों को पोषण पोटली प्रदान की।इस अवसर पर विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के शिक्षकगण एवं जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. पीयूष राय उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समन्वय समाजशास्त्र विभाग के प्रोफेसर संजय कुमार द्वारा किया गया।

कार्यक्रम के दौरान टीबी मरीजों एवं उपस्थित लोगों को पोषण के महत्व के बारे में जागरूक किया गया। बताया गया कि टीबी उपचार के दौरान पौष्टिक एवं संतुलित आहार का सेवन स्वास्थ्य में सुधार तथा शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बनाए रखने में सहायक होता है। मरीजों से टीबी की दवाओं का नियमित सेवन करने, उपचार बीच में न छोड़ने तथा चिकित्सक की सलाह के अनुसार पौष्टिक आहार लेने की अपील की गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन.पी. सिंह ने कहा कि टीबी के उपचार में नियमित दवा सेवन के साथ पर्याप्त एवं संतुलित पोषण भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि टीबी मरीजों को उपचार के दौरान आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने में परिवार, समाज और संस्थाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने जनपदवासियों से अपील की कि टीबी मरीजों के प्रति संवेदनशीलता रखते हुए उन्हें उपचार पूरा करने तथा पोषण संबंधी आवश्यकताओं में सहयोग प्रदान करें। सामूहिक प्रयास और जनभागीदारी से टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को और मजबूत किया जा सकता है। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के कुलपति आनंद कुमार त्यागी ने टीबी मरीजों के प्रति समाज की संवेदनशीलता एवं सहयोग को आवश्यक बताते हुए कहा कि समय पर उपचार, पर्याप्त पोषण तथा परिवार एवं समाज का सहयोग मरीज के स्वास्थ्य लाभ में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
प्रोफेसर संजय कुमार ने बताया कि टीबी मरीजों के सहयोग के लिए विश्वविद्यालय के शिक्षकगण बढ़-चढ़कर सहभागिता कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में वितरित की गई पोषण पोटली स्वयं सहायता समूह द्वारा तैयार की गई है, जिससे अभियान के साथ सामाजिक सहभागिता और महिला समूहों की भागीदारी को भी बढ़ावा मिल रहा है।
कार्यक्रम के अंत में जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. पीयूष राय ने उपस्थित लोगों से टीबी मरीजों को उपचार एवं पोषण के लिए सहयोग प्रदान करने, टीबी के प्रति जागरूकता फैलाने तथा जनपद को टीबी मुक्त बनाने के प्रयासों में सक्रिय भागीदारी करने की अपील की।
